हरियाणा: मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने हाल ही में प्रदेश के अविवाहित और विधुर कुंवारों को हर महीने पेंशन देने की घोषणा की थी। इस योजना के तहत सरकार हर महीने 2750 रुपए देगी। लेकिन जितना आसान यह लग रहा है उतना है नहीं क्योंकि इस पेंशन को पाने के लिए भी कुछ नियम व शर्तें हैं।

सरकार ने अब स्पष्ट कर दिया है कि, पेंशन मिलने के बाद अगर कोई कुंवारा या विधुर बिना बताए शादी कर लेता है और उसके बाद भी चुपचाप पेंशन लेता रहता है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए दी गई पेंशन की उन व्यक्तियों से 12 फीसदी ब्याज के साथ वसूलेगी।

इस योजना के अंतर्गत तलाकशुदा और लिव-इन रिलेशनशिप में रहने वालों को पेंशन नहीं मिलेगी। भीषण तथा विधवा पेंशन योजना का लाभ पहले से लेने वाले भी इस नई योजना का लाभ नहीं उठा सकते हैं। यह सभी नियम उचितीकरण और पारदर्शिता को बनाए रखने के लिए बनाए गए हैं।

इस योजना के तहत पेंशन पाने के लिए परिवार पहचान पत्र (PPP) अथॉरिटी को हर महीने 10 तारीख तक पात्रों की सूचना सामाजिक न्याय विभाग को उपलब्ध करवानी होगी। फिर विभाग तथ्यों की जांच करके अगले महीने की 7 तारीख तक पेंशन ID बना देगा। उसके बाद संबंधित व्यक्ति से संपर्क करके उससे पेंशन लेने की सहमति ली जाएगी। इसके बाद पेंशन उनके खाते में भेज दी जाएगी। यह योजना 1 जुलाई से प्रारंभ हो गई है।

इस नई योजना के तहत लगभग 71 हजार अविवाहित और विधुर लोगों को पेंशन मिलने की उम्मीद है। सरकार को इन पेंशन योजनाओं के लिए हर महीने 20 करोड़ रुपए खर्च करने पड़ेंगे। इससे सरकार के बजट पर हर साल 240 करोड़ रुपए का अतिरिक्त बोझ आएगा।

इस योजना के माध्यम से, हरियाणा सरकार ने समाज में अविवाहित और विधुर लोगों की मदद करने का प्रयास किया है ताकि उन्हें अधिक सुविधाएँ मिल सकें और उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत हो।

pe

अधिक खबरों के लिए जुड़े रहें हरियाणा की ख़बर के साथ

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *